Latest poems in Hindi & English on Republic day, India Gantantra Diwas, 26 January

देश की रक्षा करें हम

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17 -Dec-2021 Swami Ganganiya 15 August Poem 0 Comments  76 Views
देश की रक्षा करें हम

देश की रक्षा करें हम ऐसे सिपाही बने हम उन महान वीरों की तरह हो अपने हर करम भारत मां की रक्षा करें हम ऐसे वीर बने हम जन-जन हो सुख में यहा अन्न का हो भण्डार भरा देश हमेशा प्रगति करे हो देश की उन्नति सदा हम ऐसे वीर बने कर

बताते रहें वो हमें जीने के रास्ते।

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29 -Aug-2021 Deepak Tomar 15 August Poem 0 Comments  393 Views
बताते रहें वो हमें जीने के रास्ते।

बताते रहें वो हमें जीने के रास्ते। मगर हम कतरा कतरा मरते रहे वतन के वास्ते। रोती रही आंखे हमारी और दिल में छाले थे। कुछ सफ़ेद पोशकों के लिबास एकदम काले थे। वो जो लड़कर देश की खातिर बूंद-बूंद बह गए। देश की रक्षा करत

हिंदुस्तान की शान

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21 -Aug-2021 SURAJ SITAPURI 15 August Poem 0 Comments  399 Views
हिंदुस्तान की शान

है नाज हमे उन वीरों पर दे गए हमें जो कुर्बानी। जो मातृभूमि के लिए मरे सचमुच है वही हिन्दुस्तानी।। वो आजादी के परवाने सीने पर गोली खाते रहे। सौगाते मौत को गले लगा सरहद पर कदम बढ़ाते रहे।। आखिरी साँस तक खूब लड़े वो वी

जश्न-ए-आज़ादी

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13 -Aug-2021 Sandeep Sharma 15 August Poem 0 Comments  302 Views
जश्न-ए-आज़ादी

जिसपर झूले भगत सिंह वो फाँसी तीर्थ से है बढ़कर, शेखर की पिस्तौल स्वयं मंदिर, गुरुद्वारा, गिरिजाघर, नाम कई, संघर्ष कई सब एक दूसरे से ऊपर, वीर जवानों की समाधि पर शीश नवाओ तुम बढ़कर। आज़ादी तब तक है अधूरी जब तक दुश्मन जिंद

भारत माँ से प्यार

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11 -Aug-2021 Swami Ganganiya 15 August Poem 0 Comments  222 Views
भारत माँ से प्यार

हम वीर नही अधीर नही जो हमे भारत माँ से प्यार नही कोई गुलाम नही वो गुलाम सही जो स्वतंत्रता की पगदण्डी पर चलता बार-बार नही धरती माँ को शीश नवाये जब जी चाहे शीश झुकाये उसका कर्ज हम पर है हम जब चाहे भारत माँ के सम्मान मे

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