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अब चलो

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25 -Aug-2017 Anju Goyal Hard Work Poems 0 Comments  1,238 Views
Anju Goyal

अब चलो उठो कुछ काम करें हम
आलस में जीवन बिताना बहुत हो चुका ।

कब तक बैठे हाथ पे हाथ रखकर
व्यर्थ समय बर्बाद करना बहुत हो चुका।

कड़ी मेहनत से कब तक भागेगे हम
बिन काम खाली बैठना बहुत हो चुका ।

भाग्य भरोसे जीवन बिताये कब तक
सपने के महल बनाना बहुत हो चुका ।

क्यों अटल हौसला हिम्मत नहीं बने साथी
घबराकर चुनौती से डरना बहुत हो चुका ।

ईश्वर ने दिया शरीर रूपी उपहार हमें
मन से गरीब बनना बहुत हो चुका ।

आशा की किरणें आएगी परिश्रम से ही
अँधेरे के आशियाने में रहना बहुत हो चुका ।

अंजू गोयल



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