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बदल रहा जमाना है......

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12 -Jan-2019 Piyush Raj Social Poems 0 Comments  361 Views
Piyush Raj

बदल रहा जमाना है.......

रिश्तेदार ऑनलाईन हो गए
जिंदगी में सब फाइन हो गए
मिलते नही आपस में अब तो
व्हाट्सएप पर सब जॉइन हो गए

मतलबी हो गए है रिश्ते
नही इसे अब निभाना है
क्या करोगे भैया अब तो
बदल रहा जमाना है

किताबों से सब दूर हो गए
स्याही के बोतल चूर हो गए
पढ़ते सब है मोबाईल से अब तो
सभी के ये ही फितूर हो गए


खरीदारी भी स्मार्ट हो गया
मोबाइल में ये भी स्टार्ट हो गया
दुकानों के चक्कर लगते नही अब
सभी के पास फ्लिपकार्ट हो गया

जिंदगी अब हाय-फाय हो गयी
बूढ़ो के बाल भी डाइ हो गयी
गली में भूखे बिलखते है बच्चे
पर यहां फ्री वाई-फाई हो गयी

युवा के कैसे व्यवहार हो रहे
अब ऑनलाईन भी प्यार हो रहे
बड़ो के पैर छूते नही अब
बच्चो के कैसे संस्कार हो रहे

बेटियों से बलात्कार हो रहे
ये कैसे संस्कार हो रहे
एक हाथ जमीन की खातिर
भाई-भाई में मार हो रहे

किसी को किसी की फिक्र नही
सबको यहां सिर्फ कमाना है
क्या करोगे भैया अब तो
बदल रहा जमाना है........

©पियुष राज 'पारस'
दुमका ,झारखंड
P89/12-01-19/10:50PM



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