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गांव की हाट

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11 -Aug-2021 nil Kids Poem 0 Comments  80 Views
गांव  की हाट

गाँव की हाट

देखो लगी गाँव की हाट
रोज रोज ना लगती हाट
जगर मगर ना शहरो जैसी
बिछे चादरा बोरा टाट
आस -पास की पैदावार
हरी भरी सब्जी के ठाट
खाने पीने का सामान
मूंगफली गुड़ इमली चाट
खेल खिलौना चकरी डोर
हसिया खुरपी मिलती खाट
जोकर नट के जादू खेल
बच्चे जोहें झूला वाट



Dedicated to
सभी बाल काव्य प्रेमियों को

Dedication Summary
गांव की हाट की जानकारी पाठको को भाएगी।

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