गणपति विसर्जन

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16 -Sep-2016 Dr. Swati Gupta Ganesh Chaturthi Poems 0 Comments  144 Views
Dr. Swati Gupta

गणपति जी जा रहे हो तुम,
पर इतना वादा करते जाना,
अगले वर्ष तुम जल्दी आना,
तेरे बिन सूना लगेगा ये सारा जमाना,
तेरे यहाँ होने से मन को मिला सुकून था,
अनोखी सी कशिश थी तुममें,
जिससे आनन्दित हुआ मेरा मन था,
नाचते गाते हमने ये दिन बिताये,
तेरे आने की ख़ुशी में,
हमने सारे दुःख बिसराये,
रोम रोम पुलकित था मेरा,
हर तरफ तुम ही तुम नजर आये,
कैसे रह पाएंगे तुम बिन,
यही सोच कर दिल ये घबराये,
अगले वर्ष फिर आओगे तुम,
यही आस अब इस मन में लगाये,
नम आँखों से विदा कर रहे हैं तुमको,
आप भी अपना वादा निभाओगे,
अगले वर्ष फिर आओगे,
अपने भक्तों के जीवन में,
फिर से वही खुशहाली ले आओगे।।
By:Dr Swati Gupta




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