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Ghar Ki Neev

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18 -Aug-2015 Abha Adeeb Razdan Grandparents Poems 1 Comments  8,409 Views
Abha Adeeb Razdan

घर की नींव

आओ बच्चों तुम्हें बताऊँ बात मैं एकदम सच्ची
दादा दादी तो होते हैं घर की नींव बहुत पक्की

दिन भर में कुछ देर उनके पास तुम ज़रूर बैठना
कुछ उनसे तुम अपनी कहना कुछ उनकी तुम सुनना

उनके अनुभव उनका प्यार सदा काम आएगा
जीवन में तुम्हारी सदा सफलता ही लाएगा

जीवन में दादा दादी की बहुत तुम सेवा करना
फिर अपनी जेबें तुम उनकी दुआओं से भरना

जो बच्चे अपने बडों की सेवा नहीं करते हैं
जीवन में अपने कभी वह आगे नहीं बढ़ते हैं



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1 More responses

  • poemocean logo
    Krrish Kumar (Guest)
    Commented on 02-December-2020

    very nice.

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