Latest poems in Hindi & English on Republic day, India Gantantra Diwas, 26 January

गुरु की महिमा

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14 -Jul-2022 nil Guru Mahima Poem 0 Comments  193 Views
गुरु की महिमा

गुरु की महिमा देखो तो संसार में ,जीवन पथ पर शूल चलना गुरु कृपा बिना ,होगी भारी भूल भारत तो करता रहा ,गुरुओं का सम्मान इसीलिए गुरुपूर्णिमा ,पर सबको अभिमान बतलाता इतिहास यह ,साधू संत फ़कीर गुरु कृपा से ही बने ,गुरु रैद

गुरु

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12 -Jul-2022 Mamta Rani Guru Mahima Poem 0 Comments  201 Views
गुरु

राह हमें दिखाते हैं घिस कर खुदको हमें चमकाते हैं, रिश्ता है ऐसा गुरु , शिष्य का जो इस जग को बनाते हैं। गुरु ज्ञान हैं गुरु महान हैं गुरु बिन जीवन अज्ञान हैं

गुरुपूर्णिमा

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04 -Jul-2020 nil Guru Mahima Poem 0 Comments  489 Views
गुरुपूर्णिमा

गुरुपूर्णिमा देखो तो संसार में ,जीवन पथ पर शूल चलना गुरुकृपा बिना ,पथ पर होगी भूल भारत तो करता रहा ,गुरुओं का सम्मान इसीलिए गुरुपूर्णिमा,है अभिनव अभियान बतलाता इतिहास यह , साधू संत फकीर गुरुकृपा से ही बने ,गुरु रै

I Remember Those Memories

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16 -Nov-2019 Sunishth Shauq Guru Mahima Poem 0 Comments  844 Views
I Remember Those Memories

I remember those memories, all peaceful and bright. The excitement in my emotions Whenever you came in sight. That royal and glorious shine, That pure and pious face. That used to brighten my mood up, In the darkest of my days. I remember those times, When you used to bless my life, With material and emotional joy, Making me feel truly alive. That slight mischief in your eyes, That ever-forgiving personality That used to embrace every fault in me, The most comforting version of reality. There's no positive end to this one, All I'm doing here is

सद्गुरु ने सिखाया

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08 -Aug-2019 PAWAN Guru Mahima Poem 0 Comments  993 Views
सद्गुरु ने सिखाया

माँगा जब भी सद्गुरु से अपने लिए माँगा , जो सद्गुरु ने सिखाया वो कभी नहीं माँगा सद्गुरु ने कहा कि सबका भला माँगो , मगर जब भी माँगा अपने लिए ही माँगा मेहर करना मेरे सद्गुरु दिन-दयाल , गलतियाँ हुई जीवन पड़ाव में अनेको ही

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