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होली और आपदा

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11 -Mar-2022 ASHOK KUMAR Sharma Holi Poems 0 Comments  264 Views
होली और आपदा

होली के रंग फीके पड़े ,फीकी पड़ी दिवाली
चाइना के एक वायरस ने, मचा दी ऐसी महामारी
पोलियो से तो निपट गया था ,अब कोरोना की थी बारी
सारे दुनिया के साइंटिस्ट लगे थे, कैसे करें तैयारी
पर्यावरण से यदि तुम , करोगे ऐसे गद्दारी
तुम तो जीवन काट चुके हो ,अब अगली पीढ़ी की है बारी
पहले कुआं से पानी पीते थे ,तब नल की थी बारी
अब बोतल में बिकता पानी ,जल के संकट होगी भारी



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