Latest poems in Hindi & English on Republic day, India Gantantra Diwas, 26 January

सरकस का था काला भालू

1
20 -Sep-2018 अशोक कुमार ढोरिया Kids Poem 2 Comments  749 Views
सरकस का था काला भालू

सरकस का था काला भालू नाम था उसका झबरू कालू सबको प्यारा नाच दिखाता खाता था वह मीठे आलू। जैसा मिलता वह खाता था बंद पिंजरे में पाता था दिखा खेल तमाशा गजब का नींद चैन की वह सोता था। जोकर बोना उसका याड़ी उसके सह करता खिल

मुन्नी / Munni

0
19 -Sep-2018 Suresh Chandra Sarwahara Kids Poem 0 Comments  305 Views
मुन्नी / Munni

देखो कितना समय हो गया अब तो जागो मुन्नी, उठो नहाओ और पहन लो अपने कपड़े चुन्नी। विद्यालय जाकर तुमको है ध्यान लगाकर पढ़ना, अपना काम समय पर करना नहीं किसी से लड़ना। समय न खोया जिसने अपना वही बढ़ा है आगे, आलस करने वालो

Bhookha Bandar

0
17 -Aug-2018 Rajpal Singh Gulia‎ Kids Poem 0 Comments  563 Views
Bhookha Bandar

छ्त से उतरा बंदर भूखा . खाना था बस रूखा सूखा . बंदर जी का दिल ललचाया . खाना खूब दबा कर खाया . लगा तड़फने कोई आओ . पेट दर्द की दवा दिलाओ . डॉक्टर भालू भागा आया . नब्ज देख उसको धमकाया . पहले उल्टा पुल्टा खाते . फिर तुम पेट पकड़ च

जीवन संगीत

0
07 -Aug-2018 nil Kids Poem 0 Comments  459 Views
जीवन संगीत

बच्चो बैठो मेरे पास गाकर देखो मेरा गीत /अनुगुंजित जीवन संगीत दींन- दुखी के घर घर जाता/आंसूं से झोली भर लाता घावों की कर मरहम पट्टी /भाव भावना से भर जाता भरता मन में नया उजास /आओ बैठो मेरे पास ... सुरभित गंध सुमन की सुष

उन्हें पछाड़ा

0
05 -Aug-2018 nil Kids Poem 0 Comments  244 Views
उन्हें पछाड़ा

डाक्टर आनंद का शिशु गीत उन्हें पछाड़ा बन्दर मामा/तन ज्यों गामा खाय मगोड़ा/कर ले कोड़ा पीकर पानी /मूंछें तानी छाती ठोंकी पहुंच अखाड़ा फिर ललकारा /सुन हरकारा हाथी-घोड़ा / आया जोड़ा हुआ तमाशा /अच्छा खासा दंगल का बज उठा नगाड़

Poemocean Poetry Contest

Good in poetry writing!!! Enter to win. Entry is absolutely free.
You can view contest entries at Hindi Poetry Contest: March 2017