बस माँ तो माँ होती है…..।

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19 -Nov-2017 Saroj Mothers Day Poem 0 Comments  36 Views
बस माँ तो माँ होती है…..।

बस माँ तो माँ होती है…..। जब कोई पूछता मुझसे तुम्हारी माँ कैसी है ……. मै सोच में पड़ जाती सच मेरी माँ कैसी है …? क्या वो मेरे जैसी है …? या वो मेरे से बिलकुल अलग है । पर मै समझ न पाती , मेरी माँ कैसी है …..? फिर मै माँ को अपने

Zindgi h maa...

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17 -Nov-2017 Shrutika Dhabale Mothers Day Poem 0 Comments  255 Views
Zindgi h maa...

{[ Suraj Ki Roshni He Maa.. Roshni Ki Kiran He Maa.. Bij se Ugate He Paudhe, Ped banke dete Hariyali Us Bij Ko Ugane vali ,Dharti he Maa… ]} Sidhe sadhe shabdome,merihi jabani Maa,likh rahi hu aaj me ,teri Kahani…. Banake bade pyar se,khilati thi tu khana Yad aatahe bohot, ghar ka wo khana… Tabiyat bighade,sardi lage,aata he tera naam Maa,tu kaha he,sun rahi hena aawaj…?? Datne pe tere,ruth jate the hum Kabhi naa samjhe, Tere wo gam… Chot lagi jo hame,dukhta he tera dil Bolati thi papase bhi, Bass karo jii…Naa phado uspe bil. Khushi

माँ दो पल के लिए थोड़ा तू प्यार दे ….

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21 -Oct-2017 Saroj Mothers Day Poem 0 Comments  63 Views
माँ दो पल के लिए थोड़ा तू प्यार दे ….




माँ तुझ से एक बात मैं कहना चाहती हूँ

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13 -Oct-2017 Saroj Mothers Day Poem 0 Comments  60 Views
माँ तुझ से एक बात मैं कहना चाहती हूँ

माँ तुझ से एक बात मैं कहना चाहती हूँ, कल कर दी थी गुस्सा तुझ पे बिन बात के, और तुम कुछ न बोली थी, नाराज तुम भी मुझ से और मैं भी होने लगी थी, पर बात हमारी चल रही थी, हुए उस दर्द के लिए मैं माफ़ी मांगना चाहती हूँ, माँ तुझ से एक

मैं एक सितारा ढूंढता हूं....

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02 -Oct-2017 pravin tiwari Mothers Day Poem 0 Comments  109 Views
मैं एक सितारा ढूंढता हूं....

चाँद सितारों से भरे आसमा में, मैं एक सितारा ढूंढता हूं.... दिख जाए कहीं मेरी माँ, वो सितारा ढूंढता हूं.... छुट गया जो ममता का आंचल, उस आंचल को ढूंढता हूं.... थपकीयां दे कर जो मुझे सुलाती, उन मीठी लोरीयों को ढूंढता हूं.... हथ प

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