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युग दृष्टा तुलसी

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11 -Aug-2016 Anupama Gupta Kesharwani Famous Indian Authors Poems 0 Comments  662 Views
Anupama Gupta Kesharwani

युग दृष्टा तुलसी तुमको शत बार प्रणाम
रामायण के राम हुए जनता के राम।

दोहा,चौपाई में बाँध दिया 'मानस' को
दिए नए दृष्टान्त डूबते जन मानस को
दिया अमोघ अस्त्र 'जगत तारक का नाम'।
रामायण के राम----

कितने रवियों का प्रकाश तुम से ही है
कितने कवियों की आस बस तुमसे है
हे मर्मज्ञ,चिरन्तन,तेरा नित सम्मान।
रामायण के राम---

तुलसी,तुमको मानव का शत बार नमन है
राम चरित मानस ही जग का चिर दीपक है।
कवियों के हे मानस गुरू सर्वज्ञ सुजान।
रामायण के राम---

युग दृष्टा तुलसी


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