Latest poems in Hindi & English on Republic day, India Gantantra Diwas, 26 January

Shivendra Singh

List of popular and best poems written by Shivendra Singh

Shivendra Singh
Shivendra Singh
Shivendra Singh

.. कोरोना संकटकाल में बेबस मजदूर .....

0
17 -May-2020 Shivendra Singh Human Being Poems 0 Comments  773 Views
.. कोरोना संकटकाल में बेबस मजदूर .....

अपनो की भूख ने ,
शहरों की तरफ दौडा़या।
शहरों में हमने अपना

........बुढा़पा बिना सहारा .......

0
10 -Apr-2020 Shivendra Singh Old People Poems 0 Comments  1,782 Views
........बुढा़पा बिना सहारा .......

आया जब बुढापा,
छोड़ साथ सब भागे |
हम कल तक थे जो सबके ,
आज र

कोरोना का डर है....!!!!!!!

0
03 -Apr-2020 Shivendra Singh Natural Disasters Poems 0 Comments  637 Views
कोरोना का डर है....!!!!!!!

कोरोना का डर है ,
हर कोई अपने घर है |
बाजार पडे़ अब सूने ,

तू नही पास मेरे तो एहसास है,

0
27 -Oct-2019 Shivendra Singh Lonely Poems 1 Comments  1,158 Views
तू नही पास मेरे तो एहसास है,

गीत....!!!



तू नही पास मेरे तो एहसास है
तुझसे मिलने को मुझको

इंसानियत में ही सबका भला है......!!!

0
20 -Apr-2019 Shivendra Singh Social Poems 0 Comments  1,187 Views
इंसानियत में ही सबका भला है......!!!

कई दिनों की जुदाई थी,
जब हमने घर में अंतिम गरम रोटी खाई थी

मै वक्त हूं ..||

0
26 -Jan-2019 Shivendra Singh Time Poems 0 Comments  1,682 Views
मै वक्त हूं ..||

मैं वक्त हूं खामोशी से निकल जाता हूं ,
कुछ तो संदेशा सबको

वक्त बदल जाये तो क्या करोगे....!!!

0
04 -Mar-2018 Shivendra Singh Time Poems 0 Comments  1,239 Views
वक्त बदल जाये तो क्या करोगे....!!!

वक्त बदल जाये ,
तो क्या करोगे |
वक्त बदल जाये,
तो क्या करो

सांस जब तक है ....!!!

1
06 -Jan-2018 Shivendra Singh Life Poem 0 Comments  1,343 Views
सांस जब तक है ....!!!

सांस जब तक है,
तभी तक जिंदगी है |
डोर टूट जाये ,
तो फिर ना क

ऐसा ना जाने कितनों के साथ होता है

0
07 -Nov-2017 Shivendra Singh Memories Poems 0 Comments  1,178 Views
ऐसा ना जाने कितनों के साथ होता है

ऐसा ना जाने कितनों के साथ होता है ,
वक्त आज अपना,
तो कल किस

दीपों के त्यौहार का कुछ तो महत्व मानिए

0
18 -Oct-2017 Shivendra Singh Diwali Poem 0 Comments  988 Views
दीपों के त्यौहार का कुछ तो महत्व मानिए

दीपों के त्यौहार का कुछ तो महत्व मानिए,
अपने ऐतिहासिक पर

Poemocean Poetry Contest

Good in poetry writing!!! Enter to win. Entry is absolutely free.
You can view contest entries at Hindi Poetry Contest: March 2017